मै छोड चुका
तो छोड चुका
प्रिये प्रेम के इस पथ पर
हमको चलना था साथ मगर
हो साथ तेरा हो साथ मेरा
ये राहे साथ नही देती
तन्हा राहो से दर्द भरा
संबंध निभाने से अच्छा
मै तोड चुका
तो तोड चुका
जैसे-जैसे सांसे घटती
ये राहे बंटती जाती है
नाकाम मेरी नज़रे होती
दूरी यूं बढती जाती है
अब किसे याद कि
कभी तुम्हारा
हाथ भी थामा था [...]
Archive for January, 2009
मै छोड चुका
Posted in आशीष पालीवाल, कविता on January 22, 2009 | 5 Comments »